कहा, दीपावली असत्य पर सत्य की जीत का देती है संदेश
- अरब के विद्वानों और मुस्लिम समाज ने भी भगवान श्रीराम को कहा है इमाम-ए-हिंद
अशोक झा/ सिलीगुड़ी: मुस्लिम मंच कहना है कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने से मॉब लिंचिंग, धार्मिक तनाव और सांप्रदायिक हिंसा की घटनाओं पर रोक लगाने में मदद मिलेगी। गौ सेवा प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सह संयोजक सैयद शफाकत हुसैन कादरी ने कहा कि दीपावली असत्य पर सत्य की जीत का संदेश देती है। अधर्म पर धर्म की विजय का भी संदेश देती है। उन्होंने कहा कि रामायण और श्रीरामचरितमानस भारतीय संस्कृति की आत्मा हैं। अरब के विद्वानों और मुस्लिम समाज ने भी भगवान श्रीराम को इमाम-ए-हिंद कहकर सम्मान दिया है।
कार्यक्रम अध्यक्ष युवा नेता श्याम पाल सिंह रघुवंशी ने कहा कि समाज को नशा, प्रदूषण और जाति-धर्म की संकीर्णता से ऊपर उठना चाहिए। राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ सांस्कृतिक उत्सवों में सहभागी बनना चाहिए। समाज सेविका प्रीति रघुवंशी ने सामाजिक सद्भाव और समरसता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सभी को मिलकर त्योहार मनाने चाहिए। उन्होंने नशामुक्ति, पौधरोपण, जल संरक्षण, प्लास्टिक हटाने और स्वदेशी अपनाने का आह्वान किया। आज के दौर में यदि किसी को इस्लाम को सही मायने में समझना है, तो उसे ऐसे विद्वानों की संगति और किताबों को चुनना चाहिए जो उदार, दूरदर्शी, शांत स्वभाव वाले और मानवता से प्रेम करने वाले हों। अतिवादी या केवल कमियां निकालने वाले विचारों से बचकर ही हम दीन की उस सुंदर और संतुलित छवि को पा सकते हैं, जो दुनिया और आख़िरत (परलोक) दोनों में कामयाबी का रास्ता दिखाती है। इस्लाम में संतुलित समझ को दीन की आत्मा माना गया है, जिसका अर्थ है अतिवाद और लापरवाही दोनों के बीच का मध्य मार्ग। एक योग्य विद्वान की सबसे बड़ी पहचान यही होती है कि वह समाज को कट्टरता या ढिलाई की ओर ले जाने के बजाय, इस्लाम के मूल सिद्धांतों के साथ एक संतुलन बनाना सिखाता है। एक योग्य विद्वान और इस्लाम की संतुलित समझ को निम्नलिखित प्रमुख बिंदुओं के माध्यम से समझा जा सकता है। योग्य विद्वान की पहचान और विशेषताएं
इस्लामी परंपरा में विद्वान केवल वह नहीं है जिसके पास डिग्रियां हों, बल्कि वह है जो ज्ञान (इल्म) के साथ-साथ व्यवहार (अमल) में भी पैगंबर मुहम्मद (स.) के आदर्शों पर चले। गहन और प्रामाणिक ज्ञान: उन्हें कुरान, हदीस, शरीयत के सिद्धांतों (उसूल-अल-फिक्ह) और इस्लामी इतिहास की गहरी समझ होती है।समय और समाज की समझ: एक सच्चा विद्वान केवल पुरानी किताबों तक सीमित नहीं रहता, बल्कि वह आज के दौर की चुनौतियों, आधुनिक विज्ञान और समाज की वास्तविकताओं (वाकिआ) को भी समझता है।कथनी और करनी में समानता: उनके आचरण में विनम्रता, करुणा और सच्चाई होती है। वे अपनी बात मनवाने के लिए दबाव नहीं डालते, बल्कि दलीलों (तर्कों) का सहारा लेते हैं।पूर्वाग्रह से मुक्ति: वे किसी एक संप्रदाय (फिरके) के अंधानुकरण के बजाय, व्यापक उम्माह (मुस्लिम समुदाय) और पूरी मानवता की भलाई को प्राथमिकता देते हैं। इस्लाम की संतुलित समझ (मध्यम मार्ग) क्या है? पवित्र कुरान में मुसलमानों को "उम्मातन वसाता" (एक संतुलित समुदाय) कहा गया है (सूरह अल-बकरा: 143)। संतुलित समझ के मुख्य पहलू निम्नलिखित हैं:दीन और दुनिया में संतुलन: इस्लाम न तो संसार को पूरी तरह छोड़ देने (वैराग्य) की बात करता है और न ही केवल भौतिकवाद में डूब जाने की। संतुलित समझ का मतलब है कि एक व्यक्ति अच्छा मुसलमान होने के साथ-साथ एक जिम्मेदार नागरिक, अच्छा पारिवारिक व्यक्ति और समाज का उपयोगी अंग बने। कठोरता और ढिलाई के बीच का रास्ता:अतिवाद (गुलू/Ghuluv) से बचना: धर्म के मामलों में इतनी कठोरता न बरतना कि वह लोगों के लिए बोझ बन जाए।
लापरवाही (तकसीर) से बचना: धर्म के मूल सिद्धांतों और अनिवार्य कर्तव्यों (फर्ज) को आधुनिकता के नाम पर पूरी तरह छोड़ न देना। आसानियां पैदा करना: पैगंबर मुहम्मद (स.) का नियम था कि जब भी उन्हें दो रास्तों में से एक चुनना होता, तो वे उस रास्ते को चुनते जो लोगों के लिए आसान होता, बशर्ते उसमें कोई पाप न हो। संतुलित विद्वान हमेशा लोगों के लिए धर्म को आसान बनाते हैं, मुश्किल नहीं।
संतुलित विद्वान समाज को क्या देते हैं?: नफरत के बजाय मोहब्बत: वे समाज में नफरत, हिंसा या फसाद फैलाने वाली विचारधाराओं का खंडन करते हैं और शांति, सह-अस्तित्व व आपसी भाईचारे को बढ़ावा देते हैं। तर्कसंगत समाधान: वे आज के आधुनिक समाज की जटिल समस्याओं (जैसे बैंकिंग, टेक्नोलॉजी, चिकित्सा नैतिकता) के लिए शरीयत के दायरे में रहकर व्यावहारिक और संतुलित समाधान (फतवे) तलाशते हैं।।दूसरों के विचारों का सम्मान: विभिन्न कानूनी विचारों (फिक्ही मतभेदों) के प्रति उनका रवैया उदार होता है। वे जानते हैं कि मतभेद होना स्वाभाविक है, इसलिए वे दूसरों का आदर करते हैं।
दुनियाभर के घुमक्कड़ पत्रकारों का एक मंच है,आप विश्व की तमाम घटनाओं को कवरेज करने वाले खबरनवीसों के अनुभव को पढ़ सकेंगे
https://www.roamingjournalist.com/