बंगाल में चुनाव बाद हिंसा के आरोपों के बीच इस सनसनीखेज हत्या मामले में अब नया मोड़ सामने आया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में 3 संदिग्धों को हिरासत में ले लिया गया है, जिमसे पूछताछ की जा रही है, जबकि जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन कर दिया गया है। सामने आई जानकारी के अनुसार, शुभेंदु अधिकारी के PA चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में जांच के लिए SIT बनाई गई है। IG लेवल के अधिकारी SIT को हेड करेंगें। जानकारी के अनुसार, SIT में अलग-अलग जिलों, यूनिट के पुलिस अधिकारी और टीम शामिल रहेगी। ये टीम पूरे हत्याकांड की जांच करेगी और साजिश का पता लगाएगी। पुलिस का कहना है इस मामले में कई संदिग्ध हिरासत में है। हालांकि, फिलहाल मुख्य शुटर्स नही पकड़े गए है। पुलिस सूत्र के अनुसार, 3 लोकल हिस्ट्री शीटर से पूछताछ की जा रही है। इन 3 लोगों ने क्या इस हत्याकांड में मदद की थी? इसी बारे में पूछताछ की जा रही है।
कब हुई ये घटना ?: घटना उत्तर 24 परगना जिले के मध्यमग्राम इलाके की है, जहां बीते बुधवार देर रात अज्ञात हमलावरों ने चंद्रनाथ रथ पर गोलियां बरसा दी थीं। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद से राज्य की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। बीजेपी ने इसे सुनियोजित राजनीतिक हत्या बताया है, जबकि पुलिस सभी एंगल से जांच की बात कह रही है। 3 संदिग्ध हिरासत में, पूछताछ जारी: जानकारी के मुताबिक, जांच एजेंसियों ने CCTV फुटेज, मोबाइल लोकेशन और स्थानीय इनपुट के आधार पर 3 लोगों को हिरासत में ले लिया है। हालांकि अभी तक आधिकारिक तौर पर किसी गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की गई है। पुलिस का कहना है कि संदिग्धों से पूछताछ के बाद ही हत्या के पीछे का असली कारण पता चल सकेगा।घटनास्थल से पुलिस ने जिंदा कारतूस और खाली खोखे बरामद किए हैं। इसके अलावा एक संदिग्ध वाहन भी जब्त किया गया है, जिसका प्रयोग हमलावरों ने वारदात के दौरान किया हो सकता है। फॉरेंसिक टीम वाहन और घटनास्थल की गहन जांच कर रही है। SIT करेगी हत्या की पूरी जांच:पश्चिम बंगाल पुलिस ने मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। इस टीम में विभिन्न जिलों और यूनिटों के अनुभवी अधिकारियों को शामिल किया गया है। जांच एजेंसियां हत्या के पीछे मौजूद नेटवर्क, राजनीतिक एंगल और हमलावरों की गतिविधियों की विस्तृत पड़ताल कर रही हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, तकनीकी साक्ष्यों के साथ-साथ इलाके में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। वारदात से पहले चंद्रनाथ रथ की गतिविधियों और उनके रूट की जानकारी किसके पास थी, इस पहलू पर भी जांच केंद्रित है।
मौके पर पहुंची CID और फॉरेंसिक टीम:आज गुरुवार सुबह पश्चिम बंगाल CID की टीम भी मध्यमग्राम स्थित घटनास्थल पर पहुंची। अधिकारियों ने इलाके का बारीकी से निरीक्षण किया और फॉरेंसिक साक्ष्य इकठ्ठा किये। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का पूरा प्रयास कर रही हैं कि हमलावर कितने थे और वारदात को किस तरीके से अंजाम दिया गया।
CID अधिकारियों ने आसपास के लोगों से पूछताछ भी की है। स्थानीय दुकानों और घरों में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग जब्त की गई है। ऐसा माना जा रहा है कि कुछ महत्वपूर्ण फुटेज जांच एजेंसियों के हाथ लगे हैं, जिनसे जल्द ही बड़ा खुलासा हो सकता है।
केंद्रीय नेतृत्व की नजर: केंद्रीय मंत्रीसुकांता मजूमदार ने इस घटना को बेहद दुखद बताया। उन्होंने कहा कि पुलिस जांच कर रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने मृतक के परिवार और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से बात की है। वहीं, BJP के कई सांसद, विधायक और वरिष्ठ नेता भी घटनास्थल और अस्पताल पहुंचे। पार्टी का कहना है कि पूरे मामले पर दिल्ली में शीर्ष नेतृत्व नजर बनाए हुए है।
बढ़ सकती है सुवेंदु अधिकारी की सुरक्षा
इस हाई-प्रोफाइल हत्या के बाद BJP नेताओं ने सुवेंदु अधिकारी की सुरक्षा बढ़ाने की मांग उठाई है। सुरक्षा एजेंसियां उनकी मौजूदा सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर रही हैं। अब आगामी दिनों दिनों में उनकी सुरक्षा में अतिरिक्त जवानों की तैनाती की जा सकती है।बता दे, राज्य में चुनाव बाद हिंसा के आरोपों के बीच यह मामला अब राजनीतिक रूप से बहुत ही संवेदनशील बन चुका है। BJP लगातार इसे राजनीतिक प्रतिशोध बता रही है, जबकि पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा। फिलहाल पूरे राज्य की निगाहें इस हत्याकांड की जांच और संभावित खुलासों पर टिकी हुई है। ( बंगाल से अशोक झा की रिपोर्ट )
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